Butati Dham यहाँ होता है लकवे का इलाज, साइंस भी है हैरान ।

Butati dham

Butati Dham 

Butati Dham जिसे चतुर दास जी महाराज का मंदिर भी कहते है, यह राजस्थान के कुचेरा कस्बे में पड़ता है, कुचेरा कस्बा नागौर से चालीस किलोमीटर दूर अजमेर – नागौर रोड़ पर स्थित है ।

यहां पर हर साल लकवे से पीड़ित लाखों की संख्या में लोग आते हैं और यह मान्यता ही नहीं है यहां पर सच में लोग ठीक हो कर जाते हैं । 

Butati dham
Butati dham Nagaur

Butati Dham Rajasthan की एक खास बात और है कि यहां पर जो भी लोग आते हैं उनके रहने, खाने की सारी व्यवस्था मंदिर समिति के द्वारा ही की जाती है, उनसे किसी तरह के पैसे नहीं लिए जाते है । 

 

Butati Dham History 

 

Butati Dham के लोगों की यह मान्यता है कि लगभग 500 साल पहले चतुरदास जी महाराज यहां पर निवास करते थे ।

वह एक सिद्ध योगी थे जो दिन रात अपने ईश्वर की भक्ति करते रहते थे । इसी भक्ति और तपस्या के फस्वरूप उनके पास बहुत सारी सिद्धियों तथा शक्तियां आ गई थी ।

उन्ही सिद्धियों तथा शक्तियां के द्वारा वो अपने आस पास के लोग जो किसी प्रकार के रोग से ग्रसित होते थे उन्हें अपनी शक्तियों के द्वारा रोग मुक्त कर देते थे ।

 

Butati Dham Treatment

Butati Dham Nagaur में जो भी लोग लकवे के इलाज के लिए आते हैं उन लोगों को बुटाटी धाम मंदिर में सिर्फ 7 दिनों तक रुकना होता है और इन सात दिनों के अंदर उनको सुबह शाम दोनों समय मंदिर में जो आरती होती है, उसमे शामिल होना होता है ।

इसके अलावा सुबह शाम मंदिर में परिक्रमा लगानी होती है । बस यही बुटाटी धाम मंदिर का tretment है, इसी के द्वारा लकवे से गर्सित लोग पूर्णतया ठीक हो जाते है । 

7 दिनों के लिए रहने के लिए कमरा, खाना बनाने के लिए अनाज ,सब्जियां यह सब यहां आने वाले लोगों को निशुल्क दी जाती है, जो भी परिवार के लोग मरीजों के साथ में आते हैं वही लोग खाना बनाते हैं । 

 

Butati Dham Aarti Time – 

 

बुटाटी धाम में कोई भी भक्त या लकवे के मरीज मंदिर में आते है  उनका मुख्य इलाज मंदिर कि आरती में शामिल होना तथा परिक्रमा देना है । 

इसलिए बुटाटी धाम मंदिर की आरती का समय जानना बहुत ही जरूरी है ।

बुटाटी धाम मंदिर में सुबह के समय प्रतिदिन 5.30 AM पर आरती होती है तथा शाम के समय प्रतिदिन 6.30 PM पर आरती होती है । 

इसलिेए बुटाटी धाम आये हुए भक्त लोग आरती के समयानुसार आरती में जरूर शामिल हो ।

 

मंदिर समिति : –

 

मंदिर की सभी प्रकार की सुविधाओं और व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से मंदिर समिति के द्वारा ही चलाया जाता है बाहर से जितने भी मरीज और उनके परिजन आते हैं उनकी सभी सुविधाओं का ध्यान रखा जाता है।

 

उत्सव / मेला : –

यहां हर माह की शुक्ल पक्ष की द्वादशी को मेला लगता है जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु और लकवे से ग्रसित लोग आते हैं जो यहां पर फेरी लगाते हैं इसके अलावा प्रतिवर्ष वैशाख , भादो और माघ महीने में भी भव्य मेलों का आयोजन होता है जिनमें लाखों की संख्या में श्रद्धालु आते हैं और अपनी पीड़ा को दूर करते हैं ।

 

Butati Dham Address – 

वैसे तो Butati Dham maindir किसी पहचान का मोहताज नहीं है लेकिन जो बाहर से लोग आते है, उनको यहां पहुंचने में दिक्कत होती है इसलिए उन लोगों को यहां का पूरा पता चाहिए होता है ।

Village –       Butati Dham 

Tehsil -.        Degana 

Dist. –           Nagaur 

State -.         Rajsthan 

Pin Code –   341514 

बुटाटी धाम मंदिर में कैसे जाए : –

ट्रेन के द्वारा कैसे जाए ? Butati Dham Near Railway Station 

 

Butati dham mandir जयपुर – जोधपुर ट्रेन के रूट पर मेड़ता रोड़ के पास स्थित है , अगर आप जयपुर या जोधपुर किसी भी साइड से आ रहे हो तो ट्रेन से मेड़ता रोड़ रेल्वे स्टेशन पर आ जाए ।

 

मेड़ता रोड से Butati Dham 45 किलोमीटर दूर है इसलिए आने के लिए मेड़ता रोड़ से ही जीप / टैक्सी मिलती है, आप को वह लेकर बुटाटी धाम आ सकते है ।

 

नजदीकी हवाई अड्डा –  Butati Dham Nearest Airport

 

Butati Dham Nagaur के सबसे नजदीक में राजस्थान की राजधानी जयपुर का एयरपोर्ट पड़ता है । और जयपुर हवाई अडडे पर देश के विभिन्न शहरों से हवाई यात्रा की सेवा उपलब्ध है ।

जयपुर हवाई अड्डे पर उतरने के बाद में जयपुर के सिंधी कैंप बस पर जाकर Butati Dham के लिए सीधी बस सेवा उपलब्ध है । जहां ये यात्री लोग बुटाटी धाम में आ सकते है या जयपुर से टैक्सी किराए पर लेकर भी बुटाटी धाम आ सकते है ।

 

सड़क के द्वारा –

Chatur das जी महाराज के मंदिर butati dham में अगर कोई सड़क मार्ग के द्वारा आना चाहता है तो आराम से आ सकता है क्योंकि चारों तरफ बहुत ही अच्छे सड़क मार्ग उपलब्ध है ।

1 Comment

  1. लकवे का इलाज कराना चाहते हैं उपाये बताइये ?

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